
बरसाना (उ.प्र.) | 28 सितंबर 2025: ब्रज की पावन धरती बरसाना में चल रही मोरारी बापू की मानस गौ सूक्त रामकथा में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला ने भावपूर्ण संबोधन दिया। पूज्य बापू ने उनका आत्मीय स्वागत किया।
राधा रानी की इस पवित्र धरती को नमन करते हुए बिड़ला ने कहा, “यह ब्रज की भूमि है, राधा रानी की भूमि है और गौ सेवा की विशिष्ट भूमि है। इस भूमि को मैं प्रणाम करता हूं। आज इसी पावन स्थान पर परम पूज्य मोरारी बापू की रामकथा हो रही है। यह सौभाग्य पूरे देश को मिला है कि भगवान राम के जीवन और उनके दर्शन का संदेश गांव-गांव, शहर-शहर तक पहुंच रहा है।”
उन्होंने कहा कि उन्हें भी यह विशेष अवसर प्राप्त हुआ है कि वे मोरारी बापू के दर्शन और उनकी अमृतमय वाणी में रामकथा का श्रवण कर सके। “जब परम पूज्य मोरारी बापू अपने मुख से रामकथा कहते हैं तो केवल यह भूमि ही नहीं, बल्कि पूरा देश राममय हो जाता है।”
भगवान राम के आदर्शों को प्रेरणास्रोत बताते हुए लोकसभा अध्यक्ष ने कहा, “राम का जीवन हम सबके लिए प्रेरणा है सत्य पर चलने की, करुणा का भाव रखने की और अपने समूचे जीवन को समाज और लोककल्याण के लिए समर्पित करने की। मानव जीवन केवल स्वयं के लिए नहीं, बल्कि दूसरों की सेवा और उत्थान के लिए है।”
उन्होंने श्रद्धालुओं से भी आह्वान किया कि वे भगवान राम के आदर्शों को अपने जीवन में अपनाएं और संपूर्ण जीवन को उनके चरणों में अर्पित करने का संकल्प लें। “बिना भगवान की कृपा के यह संभव नहीं कि हमें इस कथा का श्रवण करने का अवसर मिले। यह रामकृपा ही है कि आज लाखों-करोड़ों लोग यहां उपस्थित हैं और दूरदर्शन सहित अन्य माध्यमों से कथा का श्रवण कर रहे हैं,” उन्होंने कहा।
बापू ने कथा में कहा कि हम एक गौ-प्रधान देश हैं और गाय की रक्षा के लिए ठोस राष्ट्रीय निर्णय आवश्यक है। उन्होंने वेदों का उल्लेख करते हुए बताया कि गौ माता का नाम वेदों में 74 बार आता है। उन्होंने कहा कि पशु शब्द का अर्थ भले ही जानवर हो, लेकिन गाय मात्र पशु नहीं है।
इस अवसर पर हजारों श्रद्धालु उपस्थित रहे और पूज्य मोरारी बापू की वाणी से पूरा परिसर राममय हो उठा। कल इस दिव्य रामकथा का पूर्णाहुति दिवस होगा।

