Homeगुजरात‘ग्लोबल राजस्थान एग्रीटेक मीट (ग्राम)–2026’ के तहत अहमदाबाद इनवेस्टर मीट का सफल...

‘ग्लोबल राजस्थान एग्रीटेक मीट (ग्राम)–2026’ के तहत अहमदाबाद इनवेस्टर मीट का सफल आयोजन

गुजरात–राजस्थान डेयरी और पशुपालन सहयोग को बढ़ावा: अहमदाबाद मीट में 150 करोड़ के एमओयू साइन

अहमदाबाद, गुजरात | 30 अप्रैल 2026 | राजस्थान को कृषि नवाचार, एग्रीटेक निवेश और वैश्विक साझेदारी का अग्रणी केंद्र बनाने की दिशा में ‘ग्लोबल राजस्थान एग्रीटेक मीट (ग्राम)–2026’ के अंतर्गत अहमदाबाद में आयोजित इनवेस्टर मीट का सफल आयोजन किया गया। कृषि विभाग, राजस्थान द्वारा फेडरेशन ऑफ इंडियन चैंबर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री (फिक्की) तथा राजस्थान फाउंडेशन के सहयोग से आयोजित इस कार्यक्रम में कृषि, एग्रीटेक, पशुपालन, डेयरी, उद्योग और निवेश क्षेत्र से जुड़े विभिन्न हितधारकों ने सक्रिय भागीदारी निभाई। 

इनवेस्टर मीट के दौरान राजस्थान के माननीय मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा तथा गुजरात के माननीय शिक्षा, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री डॉ. प्रद्युमन वाजा सहित राजस्थान के माननीय पशुपालन एवं डेयरी मंत्री श्री जोराराम, माननीय सहकारिता विभाग राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री गौतम कुमार, राजस्थान किसान आयोग के अध्यक्ष श्री सी. आर. चौधरी, कृषि एवं उद्यानिकी विभाग की प्रमुख शासन सचिव श्रीमती मंजू राजपाल, पशुपालन विभाग के प्रमुख शासन सचिव श्री विकास सीताराम भाले, राजस्थान फाउंडेशन की कमिश्नर श्रीमती मनीषा अरोड़ा, राजस्थान सहकारी डेयरी फेडरेशन की प्रबंध निदेशक श्रीमती श्रुति भारद्वाज, राजस्थान फाउंडेशन के अहमदाबाद चैप्टर के अध्यक्ष श्री महेंद्र लोढ़ा, अमूल के प्रबंध निदेशक श्री जयन मेहता आदि गणमान्य उपस्थित रहे। 

कार्यक्रम में ‘ऑपर्च्युनिटीज एंड इनवेस्टमेंट पोटेंशियल इन एग्रिकल्चर, एनिमल हसबैंडरी एंड डेयरी’ विषय पर एक महत्वपूर्ण पैनल चर्चा आयोजित की गई। पैनल में राजस्थान सरकार के वरिष्ठ अधिकारियों एवं क्षेत्रीय विशेषज्ञों ने भाग लेते हुए राज्य में निवेश की संभावनाओं, नीतिगत समर्थन और उभरते अवसरों पर विस्तार से विचार साझा किए। 

इस अवसर पर राजस्थान फाउंडेशन, अहमदाबाद चैप्टर के अध्यक्ष श्री महेंद्र लोढ़ा, अमूल के प्रबंध निदेशक श्री जयन मेहता सहित विभिन्न गणमान्य अतिथियों ने अपने संबोधनों में राजस्थान के साथ सहयोग एवं निवेश की संभावनाओं को रेखांकित किया। 

कार्यक्रम के दौरान ‘ग्राम 2026’ की फिल्म का प्रदर्शन किया गया तथा राजस्थान में कृषि एवं एग्रीटेक क्षेत्र में उपलब्ध व्यापक अवसरों को प्रस्तुत किया गया। 

कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री श्री शर्मा ने अपने संबोधन में कहा: “गुजरात और राजस्थान का डेयरी एवं पशुपालन क्षेत्र केवल आर्थिक गतिविधि का आधार नहीं, बल्कि लाखों परिवारों के लिए सामाजिक सशक्तिकरण का सशक्त माध्यम भी है। हमारा प्रयास है कि इन क्षेत्रों को सहकारिता, आधुनिक तकनीक और बेहतर बाजार से जोड़ते हुए किसानों और पशुपालकों की आय को निरंतर बढ़ाया जाए। मुझे यह बताते हुए अत्यंत हर्ष हो रहा है कि अहमदाबाद इनवेस्टर मीट के दौरान 150 करोड़ रुपये के एमओयू साइन हुए हैं, जो इस क्षेत्र में बढ़ते विश्वास और उज्ज्वल संभावनाओं का प्रतीक हैं।” 

इस अवसर पर गुजरात के माननीय शिक्षा, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री डॉ. प्रद्युमन वाजा ने कहा: “गुजरात और राजस्थान के बीच डेयरी एवं पशुपालन क्षेत्र में बढ़ता सहयोग केवल आर्थिक विकास का संकेत नहीं, बल्कि ज्ञान, कौशल और नवाचार के आदान-प्रदान का भी सशक्त माध्यम है। हमारा प्रयास है कि शिक्षा, तकनीक और स्किल डेवलपमेंट के माध्यम से युवाओं और किसानों को इस परिवर्तनकारी यात्रा से जोड़ा जाए, ताकि यह साझेदारी सामाजिक सशक्तिकरण और सतत विकास का मजबूत आधार बन सके।” 

वहीं पशुपालन एवं डेयरी मंत्री श्री जोराराम ने कहा: “राजस्थान और गुजरात का डेयरी उद्योग केवल दुग्ध उत्पादन तक सीमित नहीं, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था, रोजगार और मूल्य संवर्धन का सशक्त आधार है। हमारा प्रयास है कि दोनों राज्यों की ताकत और सहकारिता मॉडल को जोड़ते हुए तकनीक, प्रोसेसिंग और मार्केट एक्सेस को बढ़ावा दिया जाए, ताकि डेयरी क्षेत्र को एक सस्टेनेबल और हाई-वैल्यू इंडस्ट्री के रूप में और अधिक सशक्त बनाया जा सके।” 

सामूहिक कृषि के महत्व पर प्रकाश डालते हुए राजस्थान के माननीय सहकारिता विभाग राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री गौतम कुमार ने कहा: “सामूहिक कृषि केवल संसाधनों का साझा उपयोग नहीं, बल्कि छोटे किसानों की ताकत को एकजुट कर उन्हें बेहतर उत्पादन, बेहतर बाज़ार और बेहतर आय से जोड़ने का सशक्त माध्यम है। हमारा प्रयास है कि इस मॉडल को व्यापक स्तर पर प्रोत्साहित कर किसानों को संगठित किया जाए, ताकि वे तकनीक, वित्त और बाजार से सीधे जुड़कर अपनी आजीविका को अधिक स्थिर और सशक्त बना सकें।” 

चर्चा सत्र में बात करते हुए कृषि एवं उद्यानिकी विभाग की प्रमुख शासन सचिव श्रीमती मंजू राजपाल ने कहा: “हमारा प्रयास है कि अन्नदाता को ऊर्जदाता के रूप में सशक्त बनाते हुए खेती को केवल उत्पादन तक सीमित न रखकर आय, नवाचार और ऊर्जा का समग्र स्रोत बनाया जाए। आधुनिक तकनीक, सौर ऊर्जा और एग्रीटेक के माध्यम से किसानों को नई संभावनाओं से जोड़ते हुए हम एक ऐसी आत्मनिर्भर कृषि व्यवस्था की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं, जहां किसान न केवल देश का पेट भरे, बल्कि देश की ऊर्जा आवश्यकताओं को भी पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाए।” 

पशुपालन विभाग के प्रमुख शासन सचिव श्री विकास सीताराम भाले ने कहा: “कृषि, पशुपालन और डेयरी आज केवल पारंपरिक क्षेत्रों तक सीमित नहीं रहे हैं, बल्कि ये तेजी से उभरते हुए निवेश के मजबूत स्तंभ बन चुके हैं। सही नीतिगत समर्थन, तकनीक और वैल्यू चेन के विकास के साथ ये सेक्टर्स निवेशकों के लिए दीर्घकालिक और स्थिर अवसर प्रदान करते हैं, साथ ही ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई गति देते हैं।” 

वहीं राजस्थान सहकारी डेयरी फेडरेशन की प्रबंध निदेशक श्रीमती श्रुति भारद्वाज ने कहा: “अगर सही दृष्टिकोण से देखा जाए तो एग्रीकल्चर, एनिमल हसबेंडरी और डेयरी अब केवल पारंपरिक गतिविधियां नहीं, बल्कि हाई-ग्रथ और स्केलेबल बिजनेस सेक्टर्स बन चुके हैं। इनोवेशन, वैल्यू एडिशन और सप्लाई चेन के आधुनिकीकरण के जरिए निवेशकों के लिए यहां अपार संभावनाएं मौजूद हैं।” 

कार्यक्रम में विभिन्न माननीय मंत्रियों एवं गणमान्य अतिथियों द्वारा भी राज्य में सहकारिता, पशुपालन, डेयरी एवं कृषि क्षेत्र में हो रहे विकास कार्यों और निवेश अवसरों पर प्रकाश डाला गया। साथ ही, राजस्थान फाउंडेशन अहमदाबाद चैप्टर के औपचारिक उद्घाटन एवं एमओयू एक्सचेंज जैसे महत्वपूर्ण सत्र भी आयोजित किए गए, जो राज्य में निवेश को नई गति देने की दिशा में महत्वपूर्ण साबित होंगे। 

कार्यक्रम के अंत में कृषि एवं उद्यानिकी विभाग की प्रमुख शासन सचिव श्रीमती मंजू राजपाल के नेतृत्व में निवेशकों, उद्योगपतियों एवं राजस्थान फाउंडेशन के सदस्यों के साथ संवाद एवं इंटरैक्शन सत्र आयोजित किया गया, जिसमें संभावित निवेश, साझेदारी और सहयोग के विभिन्न आयामों पर चर्चा हुई। 

अहमदाबाद रोडशो ‘ग्लोबल राजस्थान एग्रीटेक मीट (ग्राम)–2026’ की शृंखला का एक महत्वपूर्ण चरण साबित हुआ है, जिसने राजस्थान को कृषि एवं एग्रीटेक निवेश के एक उभरते हुए केंद्र के रूप में सशक्त रूप से प्रस्तुत किया। इससे पूर्व जयपुर, नई दिल्ली और बेंगलुरु में भी सफलतापूर्वक ऐसे आयोजन किए जा चुके हैं, जबकि आगे देश के अन्य प्रमुख शहरों में भी इनवेस्टर मीट्स आयोजित किए जाने प्रस्तावित हैं। 

उल्लेखनीय है कि 23 से 25 मई 2026 को जयपुर में आयोजित होने वाले ‘ग्लोबल राजस्थान एग्रीटेक मीट (ग्राम)–2026’ के मुख्य सम्मेलन के लिए व्यापक तैयारियां जारी हैं, जिसमें देश-विदेश के निवेशकों, उद्योग प्रतिनिधियों एवं नीति निर्माताओं की बड़ी भागीदारी अपेक्षित है। यह पूरी पहल राजस्थान को एग्रीटेक और कृषि निवेश के वैश्विक हब के रूप में स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण और दूरगामी कदम है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Must Read